पर्व एवं त्यौहार 2026

पर्व एवं त्यौहार 2026

भारत को त्यौहारों की भूमि भी कहा जाता है जो शुभ तिथि पर विभिन्न धर्मों के लोगों को एक साथ मिलकर जश्न मनाने का अवसर प्रदान करता है। भारत एक विविधताओं वाला देश है जहाँ हमें धर्म, संस्कृति, भाषाएं और त्यौहारों की विविधताओं देखने को मिलती है जो इस देश की खुबसूरती में चार चाँद लगाती हैं। त्यौहार 2026(Festival 2026) "अनेकता में एकता" की भावना को दर्शाने का एक सर्वश्रेष्ठ तरीका है।

हमारा देश को तीर्थों की भूमि कहा गया है और प्राचीनकाल से ही पर्व निरंतर मनाये जा रहे हैं। हमेशा से ही त्यौहार(festival) अपने प्रियजनों से मेल-मिलाप का माध्यम रहा हैं। इसलिए भारत सहित विश्व के अन्य देशो में सभी प्रकार के त्यौहारों को बड़े प्रेम के साथ मनाया जाता है। यह एक ऐसा देश है जहाँ हर दिन एक त्यौहार होता है।

आज का पर्व-त्यौहार

02 Aug 2026 ( रविवार ) श्रावण कृष्ण, चतुर्थी - 23:16:55
सूर्य उदय चंद्र उदय
bell icon 5:57:41 - 19:8:18 bell icon 21:26:59 - 9:3:17
तिथि चतुर्थी
नक्षत्र पू. भाद्रपद
पक्ष कृष्ण
राशि कुंभ
कुण्डली कर्क

भारतीय त्यौहार

संकष्टी चतुर्थी
संकष्टी चतुर्थी
Sunday, August 2, 2026
Paksha:कृष्ण
Tithi:चतुर्थी
श्रावण सोमवार व्रत *उत्तर
श्रावण सोमवार व्रत *उत्तर
Monday, August 3, 2026
Paksha:कृष्ण
Tithi:पंचमी
आदि पेरुक्कू
आदि पेरुक्कू
Monday, August 3, 2026
Paksha:कृष्ण
Tithi:पंचमी
मंगला गौरी व्रत *उत्तर
मंगला गौरी व्रत *उत्तर
Tuesday, August 4, 2026
Paksha:कृष्ण
Tithi:षष्ठी
कालाष्टमी
कालाष्टमी
Wednesday, August 5, 2026
Paksha:कृष्ण
Tithi:सप्तमी
मासिक कार्तिगाई
मासिक कार्तिगाई
Friday, August 7, 2026
Paksha:कृष्ण
Tithi:नवमी

आज का पर्व-त्यौहार

02 Aug 2026 ( रविवार ) श्रावण कृष्ण, चतुर्थी - 23:16:55
सूर्य उदय चंद्र उदय
bell icon 5:57:41 - 19:8:18 bell icon 21:26:59 - 9:3:17
तिथि चतुर्थी
नक्षत्र पू. भाद्रपद
पक्ष कृष्ण
राशि कुंभ
कुण्डली कर्क

अन्य त्यौहार

हिंदू कैलेंडर

bell icon
bell icon
bell icon
श्रावण - भाद्रपद
bell icon5:55:7 bell icon17:46:45
त्रयोदशी 19:11:25
27 त्रयोदशी
bell iconधनु 3:34:40
bell iconमूल 13:12:26
bell icon5:55:32 bell icon18:31:19
चतुर्दशी 19:10:58
28 चतुर्दशी
bell iconधनु 4:29:26
bell iconपू. षाढ़ा 13:12:46
bell icon5:55:59 bell icon19:11:43
पूर्णिमा 19:10:28
29 गुरु पूर्णिमा
bell iconमकर 5:25:11
bell iconउ. षाढ़ा 15:38:7
bell icon5:56:24 bell icon19:48:30
प्रथमा 19:9:57
30 प्रथमा
bell iconमकर 6:20:45
bell iconश्रवण 17:44:32
bell icon5:56:50 bell icon20:22:32
द्वितीया 19:9:25
31 द्वितीया
bell iconकुंभ 7:15:30
bell iconधनिष्ठा 19:27:24
bell icon5:57:15 bell icon20:54:57
तृतीया 19:8:52
1 तृतीया
bell iconकुंभ 8:9:29
bell iconशतभिषा 20:46:29
bell icon5:57:41 bell icon21:26:59
चतुर्थी 19:8:18
2 चतुर्थी
bell iconकुंभ 9:3:17
bell iconपू. भाद्रपद 21:38:49
bell icon5:58:7 bell icon21:59:58
पंचमी 19:7:43
3 पंचमी
bell iconमीन 9:57:48
bell iconउ. भाद्रपद 22:1:47
bell icon5:58:31 bell icon22:35:20
षष्ठी 19:7:8
4 षष्ठी
bell iconमीन 10:54:13
bell iconरेवती 21:51:23
bell icon5:58:56 bell icon23:14:51
सप्तमी 19:6:31
5 सप्तमी
bell iconमेष 11:53:31
bell iconअश्विनि 21:19:29
bell icon5:59:22 bell icon0:0:19
अष्टमी 19:5:53
6 अष्टमी
bell iconमेष 12:56:23
bell iconभरणी 20:14:24
bell icon5:59:47 bell icon0:0:19
नवमी 19:5:14
7 नवमी
bell iconवृषभ 14:2:27
bell iconकृतिका 18:44:49
bell icon6:0:10 bell icon0:53:13
दशमी 19:4:35
8 दशमी
bell iconवृषभ 15:9:46
bell iconरोहिणी 16:52:53
bell icon6:0:35 bell icon1:53:58
द्वादशी 19:3:54
9 द्वादशी
bell iconमिथुन 16:14:55
bell iconमृगशिरा 14:44:3
bell icon6:0:59 bell icon3:0:56
त्रयोदशी 19:3:12
10 त्रयोदशी
bell iconमिथुन 17:14:38
bell iconआर्द्रा 12:27:52
bell icon6:1:24 bell icon4:10:37
चतुर्दशी 19:2:29
11 चतुर्दशी
bell iconकर्क 18:7:9
bell iconपुष्य 08:0:59
bell icon6:1:48 bell icon5:19:19
अमावस्या 19:1:45
12 अमावस्या
bell iconकर्क 18:52:43
bell iconपुष्य 06:8:9
bell icon6:2:10 bell icon6:24:51
प्रथमा 19:1:0
13 प्रथमा
bell iconसिंह 19:32:45
bell iconअश्लेषा 04:40:9
bell icon6:2:34 bell icon7:26:37
द्वितीया 19:0:16
14 द्वितीया
bell iconसिंह 20:8:59
bell iconमघा 03:44:15
bell icon6:2:57 bell icon8:25:14
तृतीया 18:59:30
15 हरियाली तीज
bell iconकन्या 20:43:3
bell iconपू. फाल्गुनी 03:27:21
bell icon6:3:20 bell icon9:21:45
चतुर्थी 18:58:42
16 चतुर्थी
bell iconकन्या 21:16:32
bell iconउ. फाल्गुनी 03:52:13
bell icon6:3:42 bell icon10:17:14
पंचमी 18:57:55
17 नाग पञ्चमी
bell iconकन्या 21:50:40
bell iconहस्त 05:0:31
bell icon6:4:6 bell icon11:12:28
षष्ठी 18:57:5
18 षष्ठी
bell iconतुला 22:26:46
bell iconचित्रा 06:48:23
bell icon6:4:28 bell icon12:7:55
सप्तमी 18:56:17
19 सप्तमी
bell iconतुला 23:5:51
bell iconस्वाति 09:9:21
bell icon6:4:50 bell icon13:3:25
अष्टमी 18:55:27
20 अष्टमी
bell iconवृश्चिक 23:48:46
bell iconविशाखा 11:54:2
bell icon6:5:10 bell icon13:58:16
नवमी 18:54:36
21 नवमी
bell iconवृश्चिक 0:35:52
bell iconअनुराधा 14:50:3
bell icon6:5:32 bell icon14:51:20
दशमी 18:53:43
22 दशमी
bell iconवृश्चिक 0:35:52
bell iconज्येष्ठा 14:50:6
bell icon6:5:53 bell icon15:41:20
एकादशी 18:52:51
23 एकादशी
bell iconधनु 1:26:52
bell iconमूल 17:45:40
bell icon6:6:14 bell icon16:27:26
द्वादशी 18:51:59
24 द्वादशी
bell iconधनु 2:20:50
bell iconपू. षाढ़ा 20:29:13
bell icon6:6:35 bell icon17:9:24
त्रयोदशी 18:51:5
25 त्रयोदशी
bell iconमकर 3:16:24
bell iconउ. षाढ़ा 22:52:31
bell icon6:6:55 bell icon17:47:38
चतुर्दशी 18:50:10
26 ओणम
bell iconमकर 4:12:20
bell iconश्रवण 00:49:51
bell icon6:7:15 bell icon18:22:54
पूर्णिमा 18:49:16
27 पूर्णिमा
bell iconमकर 5:7:51
bell iconश्रवण 02:16:17
bell icon6:7:35 bell icon18:56:13
प्रथमा 18:48:20
28 रक्षा बन्धन
bell iconकुंभ 6:2:44
bell iconधनिष्ठा 03:14:5
bell icon6:7:55 bell icon19:28:47
द्वितीया 18:47:25
29 द्वितीया
bell iconकुंभ 6:57:22
bell iconशतभिषा 03:43:18
bell icon6:8:16 bell icon20:1:51
तृतीया 18:46:28
30 तृतीया
bell iconमीन 7:52:28
bell iconपू. भाद्रपद 03:45:6
bell icon6:8:35 bell icon20:36:47
चतुर्थी 18:45:32
31 चतुर्थी
bell iconमीन 8:48:59
bell iconउ. भाद्रपद 03:22:17
bell icon6:8:55 bell icon21:15:5
पंचमी 18:44:35
1 पंचमी
bell iconमेष 9:47:56
bell iconरेवती 02:43:54
bell icon6:9:14 bell icon21:58:27
षष्ठी 18:43:36
2 षष्ठी
bell iconमेष 10:49:50
bell iconअश्विनि 01:44:1
bell icon6:9:33 bell icon22:48:19
सप्तमी 18:42:39
3 सप्तमी
bell iconवृषभ 11:54:34
bell iconभरणी 00:30:43
bell icon6:9:51 bell icon23:45:20
अष्टमी 18:41:40
4 अष्टमी
bell iconवृषभ 13:0:35
bell iconरोहिणी 23:5:2
bell icon6:10:10 bell icon0:48:36
नवमी 18:40:42
5 नवमी
bell iconमिथुन 14:5:10
bell iconमृगशिरा 21:31:11
bell icon6:10:30 bell icon0:48:36
दशमी 18:39:41
6 दशमी
bell iconमिथुन 15:5:14
bell iconआर्द्रा 19:53:43

Delhi- Sunday, 02 August 2026
दिनाँक Sunday, 02 August 2026
तिथि कृष्ण चतुर्थी
वार रविवार
पक्ष कृष्ण पक्ष
सूर्योदय 5:43:19
सूर्यास्त 19:12:5
चन्द्रोदय 21:21:3
नक्षत्र पूर्व भाद्रपद
नक्षत्र समाप्ति समय 21 : 38 : 43
योग अतिगंड
योग समाप्ति समय 22 : 30 : 36
करण I बव
सूर्यराशि कर्क
चन्द्रराशि कुम्भ
राहुकाल 17:31:00 to 19:12:05
आगे देखें

पूजा विधियां

पूजा का किसी भी धार्मिक व्यक्ति के जीवन में बहुत अधिक महत्व होता है। कोई भी व्यक्ति अपने किसी ईष्ट को, अपने किसी देवता को, किसी गुरु को मानता है तो वह उनकी


astrologer

भारतीय त्यौहार और सांस्कृतिक विविधता

भारत एक ऐसा देश है जहाँ कई अलग-अलग संस्कृतियाँ, धर्म और भाषाएँ मिलकर एक राष्ट्र का निर्माण करती हैं। संसार में भारत अपनी सांस्कृतिक विरासत के लिए प्रसिद्ध है। हमारे देश की यह संस्कृति सदियों से दुनिया के लोगों को अपनी तरफ आकर्षित करती आई है। प्रकृति में जिस प्रकार मौसम के अलग-अलग रूप देखने को मिलते हैं, ठीक उसी प्रकार संस्कृति में भी भिन्नता देखने को मिलती है। कश्मीर से लेकर कन्याकुमारी तक, गुजरात से लेकर अरुणाचल प्रदेश तक भारत अनेक प्रकार की लोक संस्कृतियों का मिश्रण हैं। इस विविधता ने ही सम्पूर्ण राष्ट्र को एक सूत्र में बांधा हुआ है। यह एक ऐसा देश है जहां प्रत्येक समुदाय और धर्म के लोग भारतीय कैलेंडर 2026 के अनुसार अपने त्यौहारों के साथ-साथ अन्य धर्म के पर्वों को भी धूमधाम से मनाते हैं। इस प्रकार हर दिन न केवल देश में रहने वाले भारतीयों के लिए बल्कि विदेशों में रहने वालों के लिए भी उत्सव का एक नया दिन है।

भारत के प्रमुख 5 त्यौहार

भारत की संस्कृति का एक महत्वपूर्ण हिस्सा हैं त्यौहार जो हमारे जीवनशैली का भी अभिन्न अंग हैं। त्योहारों की विविधिता समस्त देशवासियों की एकता का प्रतीक हैं। हर त्यौहार को बड़े उत्साह और जोश के साथ मनाया जाता है, चाहे वह किसी भी धर्म का हो। हमारे लिए, यह मिलजुल कर आपस में प्रेम एवं खुशियां बाँटने का एक अवसर है क्योंकि हम सब एकसाथ मिलकर त्यौहार मनाते हैं। देश के नागरिक क्रिसमस पर गिरजाघर में जाकर प्रार्थना करते है, वही दिवाली के दौरान अपने घर के आँगन को दीयों से सजाते हैं। होली के रंग से आपसी मनमुटाव को दूर करते हैं जबकि पोंगल की रौनक से पूरा देश जगमगा उठता है, लेकिन हर क्षेत्र के त्योहार की परम्परा अलग है पर इसका मकसद सबको एकजुट करना हैं। प्रत्येक भारतीय त्योहार हमारी बहुसांस्कृतिक भूमि की एकता को दर्शाता है।

2026 के सर्वाधिक महत्वपूर्ण 5 पर्वों एवं त्यौहारों की सूची नीचे प्रदान की जा रही है

1. दिवाली: हिंदू पंचांग के अनुसार, रोशनी का पर्व दिवाली(Diwali) वर्ष का सबसे बड़ा एवं प्रसिद्ध त्यौहार है जो भारत का सर्वाधिक महत्वपूर्ण हिंदू त्यौहार है। पूरे देश में उत्साह से मनाई जाने वाली दिवाली का अपना विशेष धार्मिक महत्व है। ऐसा माना जाता है कि इस दिन भगवान राम 14 साल के वनवास के बाद अयोध्या लौटे थे। हिन्दुओं का सबसे प्रमुख त्यौहार होने के बावजूद, इस पर्व को सभी धर्मों के लोगों के द्वारा समान उत्साह के साथ मनाया जाता है।

2. होली: होली को रंगों के त्यौहार के रूप में चिह्नित किया जाता है जो प्रेम एवं सद्भाव का पर्व हैं। यह एक ऐसा त्यौहार है जो विभिन्न धर्मों, क्षेत्रों और संस्कृतियों के लोगों को एक साथ लाता हैं, साथ ही हर कोई मिलकर एक ही नारा लगाता है, "बुरा न मानो होली है!"। पकवान, गाने और नृत्य का संयोजन होली(Holi) के दिन को विशेष बनाता है। यह दिन किसी पुराने रिश्ते की नई शुरुआत करने के सबसे अच्छा होता है।

3. मकर संक्रांति: मकर संक्रांति एक हिन्दू पर्व है जो हिंदू कैलेंडर 2026 के अनुसार, पूरे भारत में जनवरी के महीने में मनाया जाता है। इस दिन मौसम की पहली फसल की कटाई करने की परंपरा है। मकर संक्रांति पर किसान फसल की अच्छी पैदावार के लिए देवताओं और प्रकृति को धन्यवाद देते हैं, साथ ही इस दिन सूर्य दक्षिणायन से उत्तरायण होता है। इस पर्व के नाम में भौगोलिक स्थिति के आधार पर भिन्नता पाई जाती है जो इस प्रकार हैं:

  • दक्षिण भारत में पोंगल
  • असम में बिहू
  • केरल में ओणम
  • गुजरात में उत्तरायण
  • पंजाब में लोहड़ी

4. ईद-उल-फितर: इस्लाम धर्म के सबसे महत्वपूर्ण त्यौहारों में से प्रमुख है ईद-उल-फितर जो पर्व और त्यौहार 2026 की सूची का एक हिस्सा है। यह पर्व मुस्लिम समुदाय के लिए बहुत विशेष होता है क्योंकि वे रमजान के पवित्र माह के बाद अपने महीने भर का उपवास या रोज़ा तोड़ते हैं। यह त्यौहार अनेकता में एकता" का सर्वश्रेष्ठ उदाहरण हैं जो सभी क्षेत्रों के लोगों को एक साथ मिलकर इफ्तार का लुत्फ़ उठाने का अवसर प्रदान करता है, साथ ही ये दिन कृतज्ञता, सद्भाव और आनंद से पूर्ण होता है।

5. क्रिसमस:यीशु मसीह के जन्मदिन के रूप में विश्व स्तर पर मनाया जाने वाला क्रिसमस का त्योहार भारत में भी समान रूप से मनाया जाता है। क्रिसमस के पेड़ पर लाल, सफेद और हरे रंग की सजावट मन को मोह लेती हैं, सभी लोग इस पर्व को बेहद उत्साह से मनाते है। इस दिन केवल ईसाई धर्म के लोग ही चर्च नहीं जाते, बल्कि अन्य धर्मों के लोग भी समान रूप से अपने बच्चों को सांता क्लॉज़ दिखने और प्रार्थना करने के लिए चर्च जाते हैं।

इस प्रकार हमारा देश अलग-अलग परंपराओं वाले विभिन्न पर्वों को धूमधाम से मनाता है जो दुनिया में भारत को सबसे विशिष्ट बनाता हैं। यह एकजुटता की भावना का प्रतीक है और इस दौरान लोग एक-दूसरे के साथ खुशियों और मिठाइयों को प्रेमपूर्वक बांटेते हैं।

भारतीय त्यौहारों 2026 की सूची

देश में मनाए जाने वाले त्यौहारों की सूची काफी लंबी है, लेकिन यह इस बात की तरफ इशारा करती है कि भारतीय किसी भी ऐसे अवसर में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते हैं जो उन्हें उत्साह और जश्न का मौका देता है। यहाँ आपको इस वर्ष में आने वाले महत्वपूर्ण पर्व एवं त्यौहार की तिथि एवं मुहूर्त आदि के बारे में जानकारी प्रदान की गई है। पर्व व त्यौहार 2026 (Festival 2026 Date) की तिथियां नीचे देखें:

हिंदू त्योहारों की सूची के साथ-साथ अन्य समुदायों द्वारा मनाए जाने वाले त्योहारों के बारे में अधिक जानने के लिए, या शुभ तिथि के लिए मुहूर्त जानने के लिए, तुरंत एस्ट्रोयोगी के ज्योतिषियों से संपर्क करें!

अन्य त्यौहार


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